IPL ट्रेडिंग सीज़न शुरू — टीमों में हलचल तेज: खिलाड़ियों के रिलीज़, रिटेन और ट्रेड पर फ्रेंचाइज़ियों की नजर

नई दिल्ली:
इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) का नया सीज़न अभी दूर है, लेकिन इसकी चर्चा अभी से शुरू हो चुकी है। वजह है IPL ट्रेडिंग विंडो और मिनी-ऑक्शन (Mini Auction), जो हर साल टीमों के भविष्य का निर्णायक मोड़ बनते हैं। सभी फ्रेंचाइज़ियाँ अपने स्क्वॉड को और मजबूत बनाने के लिए खिलाड़ियों को रिलीज़, रिटेन, ट्रेड और पर्स मैनेजमेंट पर लगातार मंथन कर रही हैं।
IPL टीमों में रणनीतिक बदलाव की तैयारी: हर साल की तरह इस बार भी माना जा रहा है कि कई बड़े खिलाड़ियों को रिलीज़ किया जा सकता है, ताकि टीमों के पास बजट (पर्स) में स्पेस बने और मिनी नीलामी में नए खिलाड़ियों पर बोली लगाई जा सके।
कई टीमें अपने कमजोर क्षेत्रों को मजबूत करने, चोटिल खिलाड़ियों के विकल्प खोजने और टीम बैलेंस बेहतर करने के लिए आक्रामक रणनीति अपना रही हैं।
ट्रेडिंग विंडो में बढ़ी गतिविधियाँ: ट्रेडिंग विंडो खुलते ही फ्रेंचाइज़ियों के बीच बातचीत तेज हो चुकी है।
कई ऑलराउंडर, विदेशी तेज गेंदबाज़ और युवा भारतीय प्रतिभाएँ इस बार ट्रेड मार्केट में सबसे ज्यादा मांग में माने जा रहे हैं।
टीमें ऐसी कोशिश में हैं कि वे अपने मुख्य खिलाड़ियों को बनाए रखते हुए स्क्वॉड को और लचीलापन दे सकें।





