राम मंदिर मुद्दे पर संसद में घमासान: पप्पू यादव के नाटक पर भाजपा का पलटवारसंसद के मानसून सत्र के दौरान संसद परिसर में राम मंदिर से जुड़े कथित चढ़ावा अनियमितता के आरोपों को लेकर विपक्षी सांसदों ने विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान पूर्णिया के सांसद पप्पू यादव के नेतृत्व में एक सांकेतिक नुक्कड़ प्रस्तुति दी गई, जिसमें दान पेटी और पुजारी की वेशभूषा का इस्तेमाल किया गया। इस प्रदर्शन के बाद संसद परिसर का माहौल राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप से गरमा गया। विपक्ष ने उठाए पारदर्शिता के सवाल विपक्षी सांसदों का कहना है कि उनका उद्देश्य राम मंदिर में चढ़ावे के कथित प्रबंधन और पारदर्शिता से जुड़े मुद्दों पर सरकार का ध्यान आकर्षित करना था। प्रदर्शन में कुछ सांसद श्रद्धालु की भूमिका में दिखाई दिए, जबकि सांकेतिक रूप से दान पेटी और धन संग्रह को लेकर सवाल उठाए गए। विपक्ष ने इस मुद्दे पर संसद में विस्तृत चर्चा की भी मांग की। भाजपा ने बताया आस्था का अपमान भारतीय जनता पार्टी ने इस प्रदर्शन पर कड़ी आपत्ति जताई। भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया कि संसद परिसर में इस तरह की प्रस्तुति से भगवान राम, सनातन परंपरा और संत समाज की भावनाओं को ठेस पहुंची है। पार्टी ने कहा कि राजनीतिक विरोध के नाम पर धार्मिक प्रतीकों का उपयोग उचित नहीं है और इसे संसदीय मर्यादा के अनुरूप नहीं माना जा सकता।