वीडियो कॉल पर 17 दिन निगरानी: साइबर ठगों ने ठगे 14.85 करोड़ रुपये

दिल्ली में साइबर ठगी का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां बुजुर्ग NRI डॉक्टर दंपती को करीब 17 दिनों तक ‘डिजिटल अरेस्ट’ में रखकर 14.85 करोड़ रुपये की ठगी की गई। पीड़ितों की पहचान डॉ. ओम तनेजा और उनकी पत्नी डॉ. इंदिरा तनेजा के रूप में हुई है, जो करीब 48 साल अमेरिका में रह चुके हैं और संयुक्त राष्ट्र (UN) से जुड़े रहे हैं।
24 दिसंबर से शुरू हुआ डिजिटल अरेस्ट
पुलिस के अनुसार, इस साइबर फ्रॉड की शुरुआत 24 दिसंबर 2025 को हुई। ठगों ने खुद को TRAI, प्रवर्तन निदेशालय (ED) और कानून प्रवर्तन एजेंसियों का अधिकारी बताते हुए दंपती को कॉल किया। उन्होंने मनी लॉन्ड्रिंग, ब्लैक मनी और राष्ट्रीय सुरक्षा जैसे गंभीर आरोप लगाते हुए PMLA कानून का हवाला दिया और गिरफ्तारी वारंट की धमकी दी।
वीडियो कॉल पर रखी कड़ी निगरानी
ठगों ने 24 दिसंबर से 10 जनवरी की सुबह तक दंपती को लगातार वीडियो कॉल पर रखा। पुलिस इस तरीके को “डिजिटल अरेस्ट” कह रही है। 77 वर्षीय डॉ. इंदिरा तनेजा ने बताया कि ठग उनकी हर गतिविधि पर नजर रखते थे। जब भी वह घर से बाहर निकलतीं या किसी को फोन करने की कोशिश करतीं, तुरंत उनके पति के फोन पर वीडियो कॉल शुरू हो जाती थी।








