काशी के शहरी स्वरूप में बड़ा बदलाव: काशी में मीट-मांस और मछली की दुकानें होंगी शहर से बाहरधर्म और आध्यात्म की नगरी काशी में मीट-मांस और मछली के कारोबार को लेकर वाराणसी नगर निगम ने बड़ा फैसला लिया है। नगर निगम की साधारण सभा (सदन) की बैठक में शहर के भीतर संचालित मीट, मांस और मछली की दुकानों को चरणबद्ध तरीके से शहर की सीमा से बाहर स्थानांतरित करने पर सहमति बनी है। इस निर्णय का उद्देश्य काशी की धार्मिक-सांस्कृतिक पहचान को संरक्षित रखने के साथ-साथ शहर को अधिक स्वच्छ और व्यवस्थित बनाना बताया गया है। सदन की बैठक में मिली मंजूरी मैदागिन स्थित टाउनहाल भवन में महापौर अशोक कुमार तिवारी की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में इस प्रस्ताव पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में शहर के विकास, स्वच्छता, अतिक्रमण और जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विचार हुआ, जिसमें मीट-मांस और मछली के बाजारों को शहर के बाहरी क्षेत्रों में स्थानांतरित करने का प्रस्ताव प्रमुख रहा। पहले चरण में पांच स्थान किए गए चिन्हित नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने जानकारी दी कि योजना के प्रथम चरण के लिए पांच स्थानों का चयन कर लिया गया है। इनमें रामनगर, सूजाबाद, गणेशपुर, अवलेशपुर और शिवपुर क्षेत्र शामिल हैं। ये सभी स्थान शहर की सीमा के निकट स्थित हैं, ताकि आम लोगों को खरीदारी में किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।