असम चुनाव 2026: चुनाव से पहले कांग्रेस का मास्टरस्ट्रोक
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असम की राजनीति में 2026 विधानसभा चुनाव से पहले बड़ा सियासी माहौल बनता दिख रहा है। Indian National Congress ने जनता को साधने के लिए कई बड़ी गारंटियों का ऐलान किया है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने लखीमपुर जिले के नौबैचा में आयोजित रैली के दौरान इन वादों की घोषणा की। इसे बीजेपी सरकार के खिलाफ कांग्रेस का बड़ा चुनावी दांव माना जा रहा है।
महिलाओं के लिए आर्थिक सहायता की घोषणा
कांग्रेस ने महिलाओं को सीधे आर्थिक लाभ देने का वादा किया है। पार्टी ने कहा है कि हर महिला के बैंक खाते में बिना शर्त हर महीने नकद राशि भेजी जाएगी। इसके अलावा महिलाओं को स्वरोजगार, व्यवसाय शुरू करने या व्यापार विस्तार के लिए ₹50,000 तक की आर्थिक सहायता दी जाएगी।
हर परिवार को ₹25 लाख हेल्थ इंश्योरेंस
कांग्रेस ने स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़ा वादा करते हुए कहा है कि राज्य के हर परिवार को ₹25 लाख तक का कैशलेस हेल्थ इंश्योरेंस दिया जाएगा। इससे गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों को इलाज में बड़ी राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
बुजुर्गों को मासिक पेंशन का वादा
पार्टी ने राज्य के वरिष्ठ नागरिकों के लिए भी बड़ी घोषणा की है। कांग्रेस ने कहा है कि बुजुर्गों को हर महीने ₹1,250 की मासिक पेंशन दी जाएगी, जिससे उनकी आर्थिक सुरक्षा मजबूत हो सके।
भूमि अधिकार और स्थायी पट्टा
कांग्रेस ने असम के 10 लाख भूमिपुत्रों को स्थायी भूमि पट्टा देने का वादा किया है। पार्टी का कहना है कि इससे स्थानीय लोगों को जमीन पर कानूनी अधिकार मिलेगा और लंबे समय तक स्थिरता सुनिश्चित होगी।
Article 244A लागू करने का वादा
कांग्रेस ने Article 244A लागू करने की बात भी कही है। इसके जरिए स्थानीय स्तर पर प्रशासनिक और राजनीतिक फैसले लेने की ताकत बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है, ताकि लोगों को अपने अधिकारों के लिए दूर तक भटकना न पड़े।
बीजेपी को सीधी चुनौती
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि कांग्रेस ने राजस्थान, कर्नाटक और तेलंगाना की तर्ज पर असम में भी “गारंटी मॉडल” पेश किया है। यह बीजेपी सरकार के ‘डबल इंजन’ और अन्य योजनाओं को सीधी चुनौती देने की रणनीति मानी जा रही है।
चुनावी असर पर नजर
अब देखना दिलचस्प होगा कि कांग्रेस की इन गारंटियों का असम की जनता पर कितना असर पड़ता है और क्या यह घोषणाएं चुनावी समीकरण बदल पाएंगी। आने वाले महीनों में असम की राजनीति और भी गर्माने के आसार हैं।




