वोट से पहले ‘चरित्र’ पर हमला: चुनाव में ABVP उम्मीदवार अनुष्का कुमारी को रेप और गोली मारने की धमकी

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Patna University छात्रसंघ चुनाव से पहले एक बार फिर कैंपस की राजनीति सवालों के घेरे में है। अध्यक्ष पद की उम्मीदवार अनुष्का कुमारी, जो Akhil Bharatiya Vidyarthi Parishad (ABVP) से मैदान में हैं, ने आरोप लगाया है कि उन्हें सोशल मीडिया पर अश्लील फोटो-वीडियो भेजे जा रहे हैं और रेप व गोली मारने की धमकियां दी जा रही हैं।
अनुष्का ने इस मामले में पटना साइबर थाने में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। यह मामला न केवल छात्र राजनीति बल्कि महिला सुरक्षा और लोकतांत्रिक मूल्यों पर भी गंभीर प्रश्न खड़े कर रहा है।

अश्लील फोटो-वीडियो और रेप की धमकी का आरोप
अनुष्का कुमारी ने 24 फरवरी को साइबर पुलिस स्टेशन में FIR दर्ज कराते हुए कहा कि अज्ञात सोशल मीडिया अकाउंट्स से लगातार आपत्तिजनक सामग्री भेजी जा रही है। उनका कहना है कि— “मेरे मनोबल को तोड़ने और चुनाव से हटाने की साजिश की जा रही है। मुझे रेप और गोली मारने तक की धमकी दी गई है।” पुलिस ने मामले को साइबर सेल को सौंप दिया है और मैसेज के स्रोत की जांच जारी है। फिलहाल किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।

वायरल वीडियो में छलके आंसू
सोशल मीडिया पर अनुष्का का एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें वे रोती हुई नजर आ रही हैं। वीडियो में उन्होंने कहा कि उनके चरित्र को लेकर झूठी बातें फैलाई जा रही हैं और आपत्तिजनक पोस्ट में उन्हें टैग किया जा रहा है। इस घटना ने पूरे कैंपस में तनाव का माहौल बना दिया है।

पोस्टर फाड़े गए, बढ़ा कैंपस तनाव
सूत्रों के अनुसार विरोधियों द्वारा अनुष्का के पोस्टर फाड़े गए। हालांकि उन्होंने साफ कहा— “मैं डरने वाली नहीं हूं। यह सिर्फ मेरी नहीं, कई छात्राओं की समस्या है जो सामाजिक प्रतिष्ठा के डर से शिकायत नहीं करतीं।”

टिकट के लिए 20 लाख रुपये मांगने का आरोप
चुनाव से पहले ABVP पर टिकट बेचने का आरोप भी लगा है। छात्र नेता अंचल कुमार ने दावा किया कि उनसे अध्यक्ष पद के टिकट के लिए 20 लाख रुपये मांगे गए थे। हालांकि संगठन की ओर से इस पर आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।

‘सिंपैथी कार्ड’ खेलने का आरोप
दूसरी ओर विरोधी छात्र संगठनों ने अनुष्का पर चुनाव जीतने के लिए “इमोशनल कार्ड” खेलने का आरोप लगाया है। आईसा की उम्मीदवार सबा आफरीन ने कहा कि— “महिलाओं की वास्तविक राजनीतिक हिस्सेदारी और मुद्दों पर चर्चा नहीं हो रही।”
इस पर अनुष्का ने पलटवार करते हुए कहा— “जिन्हें सिंपैथी की बात करनी है, उनके घर भी मां-बहन हैं।”

41 उम्मीदवार, 19,973 वोटर
इस बार छात्रसंघ चुनाव में कुल 41 उम्मीदवार मैदान में हैं:
अध्यक्ष पद – 11 उम्मीदवार
महासचिव – 9
उपाध्यक्ष – 8
संयुक्त सचिव – 6
कोषाध्यक्ष – 7
कुल मतदाता: 19,973
छात्र: 12,010
छात्राएं: 7,963
सबसे अधिक वोटर पटना वीमेंस कॉलेज (4957) में और सबसे कम पटना ट्रेनिंग कॉलेज (178) में हैं।

मतदान और काउंटिंग शेड्यूल
मतदान: 28 फरवरी
समय: सुबह 8:30 से दोपहर 2:30 बजे तक
मतगणना: शाम 4:30 बजे से
नतीजे: देर रात तक संभव
प्रचार गुरुवार शाम 5 बजे समाप्त हो जाएगा।

महिला सुरक्षा और लोकतंत्र पर बड़ा सवाल
छात्र राजनीति में महिला उम्मीदवारों को इस तरह की धमकियां मिलना बेहद गंभीर मुद्दा है। सवाल यह है कि—
क्या लोकतंत्र में चुनाव लड़ना अपराध है?
क्या महिला उम्मीदवारों को डराकर राजनीति से दूर रखने की कोशिश की जा रही है?
क्या कैंपस पॉलिटिक्स में नैतिकता खत्म होती जा रही है?
यह मामला केवल एक उम्मीदवार का नहीं, बल्कि छात्र राजनीति की गिरती मर्यादा और महिला सुरक्षा का आईना है।

पटना यूनिवर्सिटी छात्रसंघ चुनाव हर साल विवादों में रहता है, लेकिन इस बार मामला महिला गरिमा और लोकतांत्रिक मूल्यों से जुड़ गया है। अब देखना होगा कि जांच में क्या सामने आता है और क्या प्रशासन कैंपस में निष्पक्ष व सुरक्षित चुनाव सुनिश्चित कर पाता है या नहीं।

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