मुजफ्फरपुर के प्रसाद हॉस्पिटल में भीषण अग्निकांड: ICU में लगी आग

Sai Mehta
0 सेकंड पहलेIska aage kya hoga? Koi update milega kya?
Aarav Sharma
0 सेकंड पहलेEkdum sahi aur balanced news hai yeh.
Aryan Malhotra
0 सेकंड पहलेYeh padh ke ankhe khul gayi, sabko dikhao.
Krishna Yadav
12 मिनट पहलेBreaking news! Sabko is baare mein pata hona chahiye.
बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के ब्रह्मपुरा इलाके में स्थित प्रसिद्ध प्रसाद हॉस्पिटल में गुरुवार तड़के एक भीषण अग्निकांड ने पूरे क्षेत्र को दहला दिया। सुबह करीब 4 बजे अस्पताल की पांचवीं मंजिल पर स्थित आईसीयू (ICU) वार्ड में अचानक आग लग गई, जिसके बाद कुछ ही मिनटों में पूरा अस्पताल जहरीले और दमघोंटू धुएं से भर गया। हादसे में अब तक पांच मरीजों की मौत की आधिकारिक पुष्टि हुई है, जबकि कई अन्य मरीजों की हालत गंभीर बनी हुई है।
ICU में मची अफरा-तफरी, मरीजों को निकालने में जुटी रेस्क्यू टीम
आग लगते ही अस्पताल में अफरा-तफरी मच गई। आईसीयू में भर्ती मरीज धुएं और ऑक्सीजन की कमी के कारण बुरी तरह प्रभावित हुए। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और राहत-बचाव अभियान शुरू किया गया। घने धुएं के कारण दमकल कर्मियों को खिड़कियां और दरवाजे तोड़कर वेंटिलेशन बनाना पड़ा।
खिड़कियां तोड़कर बचाई गई 20 से अधिक मरीजों की जान
राहत कार्य के दौरान दमकल कर्मियों ने खिड़कियों के रास्ते 20 से अधिक मरीजों को सुरक्षित बाहर निकाला। अस्पताल में भर्ती गंभीर मरीजों को तत्काल शहर के अन्य अस्पतालों में स्थानांतरित किया गया। कई मरीजों की हालत अभी भी नाजुक बताई जा रही है।
शॉर्ट सर्किट को माना जा रहा आग का प्रारंभिक कारण
प्रारंभिक जांच में आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट बताई जा रही है। अधिकारियों के अनुसार आग सबसे पहले आईसीयू वार्ड में लगी, जहां उस समय करीब 15 मरीज भर्ती थे। जांच एजेंसियां मौके पर पहुंचकर तकनीकी और सुरक्षा मानकों की विस्तृत जांच कर रही हैं।
प्रत्यक्षदर्शी ने सुनाई भयावह रात की कहानी
घटना के एक प्रत्यक्षदर्शी और मरीज के परिजन ने बताया कि रात करीब 3 बजे आईसीयू की ओर से धुआं उठता दिखाई दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि हादसे के समय अस्पताल के कई सुरक्षा कर्मी मौके से भाग गए थे और मदद के लिए कोई मौजूद नहीं था। उन्होंने बताया कि आईसीयू का दरवाजा खोलते ही घना धुआं बाहर निकलने लगा और सांस लेना तक मुश्किल हो गया था।
सरकार ने किया मुआवजे का ऐलान
बिहार सरकार ने हादसे पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोशल मीडिया पर शोक जताते हुए मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है। उन्होंने प्रशासन को घायलों के समुचित उपचार और राहत कार्यों में किसी प्रकार की लापरवाही न बरतने के निर्देश दिए हैं।
बढ़ सकता है मृतकों का आंकड़ा
अस्पताल में भर्ती कई मरीजों की स्थिति अभी भी गंभीर बनी हुई है। चिकित्सकों के अनुसार कुछ मरीज धुएं के अत्यधिक प्रभाव और ऑक्सीजन की कमी के कारण जीवन के लिए संघर्ष कर रहे हैं। ऐसे में मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
अस्पतालों की सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
मुजफ्फरपुर का यह हादसा एक बार फिर अस्पतालों में अग्नि सुरक्षा मानकों को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि अस्पतालों में नियमित फायर ऑडिट और आपातकालीन निकासी व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने की आवश्यकता है, ताकि भविष्य में ऐसी दुखद घटनाओं को रोका जा सके।




