भारी बारिश के बीच टीले पर फंसे सात युवक: फाटापान बाबाझिरी में फंसे 7 युवकों का सफल रेस्क्यू

Yash Kulkarni
0 सेकंड पहलेDesh ke liye yeh ek mahatvapurna khabar hai.
भोपाल के कजली खेड़ा थाना क्षेत्र स्थित फाटापान बाबाझिरी पिकनिक स्पॉट पर मंगलवार को एक बड़ा हादसा टल गया। पुराने भोपाल के रहने वाले सात युवक यहां घूमने पहुंचे थे। दोपहर बाद हुई तेज बारिश के कारण अचानक जलस्तर बढ़ गया। देखते ही देखते चारों ओर पानी भर गया और सभी युवक एक टीले पर फंस गए। पानी का बहाव लगातार तेज होता जा रहा था, जिससे स्थिति गंभीर बन गई। समय पर सूचना मिलने से रेस्क्यू अभियान शुरू किया गया।
परिजनों को फोन कर मांगी मदद
खतरा बढ़ता देख युवकों ने अपने परिजनों को मोबाइल फोन के माध्यम से घटना की जानकारी दी। परिजनों ने तत्काल डायल 112 पर संपर्क कर पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही प्रशासन हरकत में आया और मौके पर पुलिस तथा SDRF की टीम को रवाना किया गया। स्थिति को देखते हुए रेस्क्यू ऑपरेशन को प्राथमिकता दी गई। स्थानीय ग्रामीणों को भी सहयोग के लिए साथ लिया गया। इसके बाद संयुक्त अभियान शुरू किया गया।
एसीपी आलोक श्रीवास्तव ने संभाली कमान
रेस्क्यू ऑपरेशन का नेतृत्व एसीपी आलोक श्रीवास्तव ने किया। कजली खेड़ा पुलिस, SDRF और ग्रामीणों की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर हालात का जायजा लिया। पानी का बहाव तेज होने के कारण रेस्क्यू में विशेष सावधानी बरती गई। टीम ने पहले युवकों तक सुरक्षित पहुंचने की रणनीति बनाई। इसके बाद रस्सियों और सुरक्षा उपकरणों की मदद से बचाव कार्य शुरू किया गया। पूरे अभियान में समन्वय और सतर्कता देखने को मिली।
दो घंटे की मशक्कत के बाद सभी सुरक्षित
करीब दो घंटे तक चले रेस्क्यू अभियान में SDRF के जवानों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। लाइफ जैकेट और सुरक्षा रस्सियों की मदद से एक-एक कर सभी युवकों को बाहर निकाला गया। पानी का बहाव चुनौती बना हुआ था, लेकिन टीम ने धैर्य और कुशलता के साथ अभियान जारी रखा। शाम करीब सात बजे तक सभी सात युवकों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचा दिया गया। किसी भी युवक को गंभीर चोट नहीं आई। सफल रेस्क्यू के बाद परिजनों ने राहत की सांस ली।
प्रशासन और SDRF की हो रही सराहना
समय रहते कार्रवाई करने के लिए पुलिस और SDRF की टीम की व्यापक स्तर पर सराहना की जा रही है। स्थानीय लोगों ने बचाव दल की तत्परता और साहस की प्रशंसा की है। विभिन्न सामाजिक और राजनीतिक संगठनों ने भी प्रशासन की मुस्तैदी को सराहा। यदि समय पर रेस्क्यू नहीं होता तो स्थिति गंभीर हो सकती थी। इस अभियान ने आपदा प्रबंधन एजेंसियों की तैयारियों को भी दर्शाया है। लोगों ने जवानों के कार्य को सराहनीय बताया है।
मानसून में सतर्क रहने की अपील
घटना के बाद प्रशासन ने नागरिकों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। पुलिस ने कहा है कि बारिश के मौसम में नदी, नाले, झरने और पिकनिक स्पॉट पर जाने से पहले मौसम की जानकारी जरूर लें। पहाड़ी क्षेत्रों में बारिश के बाद अचानक जलस्तर बढ़ सकता है। ऐसे स्थानों पर जोखिम उठाना जानलेवा साबित हो सकता है। प्रशासन ने लोगों से सुरक्षा निर्देशों का पालन करने और आपात स्थिति में तुरंत सूचना देने की अपील की है। मानसून के दौरान सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है।





