Buffaloes At Station: 450 करोड़ के रानी कमलापति स्टेशन पर घूमती दिखीं भैंसें

Yash Kulkarni
1 घंटे पहलेYeh samajik mudda bahut gambhir hai, dhyan dena zaroori hai.
Monika Das
2 घंटे पहलेPeedit logo ke saath poori tarah sahmat hoon.
Neel Saxena
3 घंटे पहलेYeh mudda rajneeti se upar hai, insaniyat ki baat hai.
Ishaan Tiwari
4 घंटे पहलेYeh haalat bahut chintajanak hai, jaldi karyawahi ho.
Tanya Bajaj
4 घंटे पहलेLogon ki madad karna hi asli dharam hai.
Trapti Tanwar
5 घंटे पहलेYeh sirf ek ghar ki nahi, pure samaj ki baat hai.
Simran Arora
6 घंटे पहलेLogon ki madad karna hi asli dharam hai.
Reyansh Joshi
7 घंटे पहलेCommunity ko mil ke aage aana hoga is mudde par.
Aditya Verma
8 घंटे पहलेSamaj ke liye is khabar ka bahut mahatva hai.
रानी कमलापति स्टेशन पर घूमती दिखीं भैंसें
भोपाल के रानी कमलापति रेलवे स्टेशन का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो में दो भैंसें स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर यात्रियों के बीच घूमती नजर आ रही हैं और ट्रेन के बिल्कुल पास तक पहुंच जाती हैं। घटना का वीडियो सामने आने के बाद स्टेशन की सुरक्षा व्यवस्था और आवारा पशुओं की रोकथाम को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
450 करोड़ की लागत से हुआ है स्टेशन का पुनर्विकास
रानी कमलापति रेलवे स्टेशन का करीब 450 करोड़ रुपये की लागत से पुनर्विकास किया गया है। इसे देश के आधुनिक और विश्व स्तरीय रेलवे स्टेशनों में शामिल किया गया है। स्टेशन पर एस्केलेटर, लिफ्ट, एसी लाउंज, फूड कोर्ट समेत यात्रियों के लिए कई आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं। ऐसे में प्लेटफॉर्म पर भैंसों के पहुंचने की घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं।
ट्रेन के पास तक पहुंचीं भैंसें
वायरल वीडियो में दोनों भैंसें प्लेटफॉर्म पर आराम से घूमती दिखाई दे रही हैं। वे यात्रियों के बीच से निकलते हुए ट्रेन के पास तक पहुंच जाती हैं। प्लेटफॉर्म पर मौजूद किसी व्यक्ति ने इस पूरी घटना का वीडियो बना लिया, जिसके बाद यह सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। लोगों ने सवाल उठाया कि आखिर सुरक्षा व्यवस्था को पार कर आवारा पशु प्लेटफॉर्म तक कैसे पहुंच गए।
आउटर खुला रहने से जानवरों के आने की बात
रेलवे के जनसंपर्क अधिकारी शिव शंकर शाह ने बताया कि घटना की जानकारी लेकर पूरे मामले को दिखवाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि रानी कमलापति स्टेशन की सुरक्षा की जिम्मेदारी रेलवे और बंसल के पास है। अधिकारी के मुताबिक, कई बार स्टेशन के आउटर की तरफ का हिस्सा खुला रह जाता है, जिससे जानवर परिसर में प्रवेश कर सकते हैं। रेलवे ट्रैक के आसपास लोग खाने-पीने की चीजें भी फेंकते हैं, जिसकी तलाश में आवारा पशु ट्रैक और स्टेशन की ओर पहुंच जाते हैं।
यात्रियों की सुरक्षा को लेकर चिंता
प्लेटफॉर्म पर लगातार ट्रेनों की आवाजाही और बड़ी संख्या में यात्रियों की मौजूदगी के बीच आवारा पशुओं का पहुंचना सुरक्षा के लिहाज से चिंता का विषय है। ऐसी स्थिति में किसी पशु के ट्रेन की चपेट में आने या यात्री से टकराने पर दुर्घटना का खतरा पैदा हो सकता है। रेलवे ने मामले को संज्ञान में लेकर जांच कराने की बात कही है। अब यह पता लगाया जा रहा है कि भैंसें प्लेटफॉर्म तक किस रास्ते से पहुंचीं और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा व्यवस्था में क्या बदलाव किए जाएंगे।








