Bengaluru Triple Murder: बेंगलुरु ट्रिपल मर्डर में AI कनेक्शन का खुलासा

Payal jadon
3 घंटे पहलेPoori detail share karein, hum aur jaanna chahte hain.
Pooja Reddy
4 घंटे पहलेKanoon ko apna kaam karna chahiye bina der ke.
Vaishali shinde
5 घंटे पहलेPoori detail share karein, hum aur jaanna chahte hain.
Monika Das
6 घंटे पहलेYeh incident sun ke dil bhaari ho gaya.
Aarav Sharma
6 घंटे पहलेApradhi ko sakht se sakht saza milni chahiye!
Anjali Patil
9 घंटे पहलेPoori detail share karein, hum aur jaanna chahte hain.
Myra Dubey
10 घंटे पहलेAise logon ko chhoda bilkul nahi jaana chahiye.
ट्रिपल मर्डर में AI कनेक्शन का खुलासा
बेंगलुरु के कृष्णराजपुरा इलाके के सीगेहल्ली में जून 2026 में हुए ट्रिपल मर्डर केस की जांच में AI के इस्तेमाल का दावा सामने आया है। स्रोत के अनुसार, 25 वर्षीय टेक कर्मचारी जे. केनेथ ने अपनी लिव-इन पार्टनर श्वेता के माता-पिता और बहन की हत्या से पहले AI से हिंसक हमले और अपराध की योजना से जुड़े सवाल पूछे थे। पुलिस को यह जानकारी उसके लैपटॉप की जांच के दौरान मिली।
AI से हिंसक हमले से जुड़े सवाल पूछे
पुलिस के अनुसार, केनेथ ने AI से लोगों पर हमला करने और उन्हें नुकसान पहुंचाने के अलग-अलग तरीकों के बारे में जानकारी मांगी थी। जांच में ऐसे सवाल सामने आए जिनसे पता चलता है कि वह हिंसक घटना की तैयारी से जुड़ी जानकारी तलाश रहा था। हालांकि पुलिस अभी यह पता नहीं लगा पाई है कि AI ने इन सवालों के जवाब में वास्तव में क्या जानकारी दी थी।
लैपटॉप की जांच में सामने आई जानकारी
जांच के दौरान फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी ने केनेथ के लैपटॉप और अन्य सामान की जांच की। इसी प्रक्रिया में Google पर दिखाई देने वाली सर्च हिस्ट्री और संबंधित जानकारी से उसके AI संबंधी सवालों का पता चला। पुलिस अधिकारी के मुताबिक केनेथ नियमित रूप से AI से बातचीत करता था और उसे एक तरह के दोस्त की तरह मानता था।
क्राइम सीन से भी मिले संदिग्ध सामान
पुलिस को घटनास्थल से ऐसी बोतल भी मिली, जिसमें सिरका और मिर्च पाउडर का मिश्रण होने की बात सामने आई है। DCP व्हाइटफील्ड डिवीजन सैदुलु अदावत के अनुसार, इन वस्तुओं को जांच के लिए फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी भेजा गया है। रिपोर्ट के मुताबिक पुलिस इन सबूतों की जांच को केस की आगे की कार्रवाई से जोड़कर देख रही है।
कर्ज विवाद से जुड़ा था मामला
सिटी कोर्ट में दाखिल 2,085 पेज की चार्जशीट के अनुसार, हत्या की घटना से पहले केनेथ पर बैंक लोन से जुड़े नोटिस और आर्थिक दबाव था। उसकी लिव-इन पार्टनर श्वेता ने करीब एक साल के भीतर उसके लिए कुल 52 लाख रुपये के लोन की व्यवस्था की थी। इसमें बिजनेस लोन, अलग-अलग बैंकों के पर्सनल लोन और दोस्तों, रिश्तेदारों, सहपाठियों तथा सहकर्मियों से लिया गया पैसा शामिल था।
परिवार से लोन को लेकर हुआ था विवाद
चार्जशीट के अनुसार, श्वेता के माता-पिता को जब पता चला कि उनकी बेटी ने केनेथ की मदद के लिए बड़ी रकम उधार ली है, तो परिवार में इस मुद्दे को लेकर विवाद हुआ। श्वेता के पिता सोमसुंदर ने केनेथ से लोन की रकम और बैंक से मिले नोटिस को लेकर सवाल किए थे। इसके कुछ समय बाद 22 जून की रात सीगेहल्ली स्थित साई ग्रीन अपार्टमेंट कॉम्प्लेक्स में विवाद हिंसक घटना में बदल गया।
तीन लोगों की हत्या का आरोप
पुलिस और चार्जशीट के अनुसार, केनेथ पर श्वेता के पिता सोमसुंदर, मां मुथुलक्ष्मी और बहन सुप्रिया की हत्या का आरोप है। घटना में तीनों की मौत हो गई। चार्जशीट में श्वेता के बयान का भी उल्लेख है, जिसमें उसने घटना को अपनी आंखों के सामने होते देखने की बात कही है। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई अदालत में जारी है।
AI के दुरुपयोग पर उठे सवाल
इस मामले में AI से जुड़े सवालों ने तकनीक के संभावित दुरुपयोग को लेकर भी चिंता बढ़ाई है। हालांकि उपलब्ध स्रोत यह स्पष्ट नहीं करता कि AI से मिली किसी जानकारी ने सीधे तौर पर अपराध को अंजाम देने में क्या भूमिका निभाई। पुलिस की जांच फिलहाल डिजिटल साक्ष्यों, फोरेंसिक रिपोर्ट और चार्जशीट में दर्ज तथ्यों के आधार पर आगे बढ़ रही है।








