Akash Anand Breaks Silence: निष्कासन के बाद आकाश आनंद ने तोड़ी चुप्पी

Monika Das
0 सेकंड पहलेBahut achhi reporting ki hai, keep it up!
Navya Nair
1 घंटे पहलेPehli baar itni sach khabar padhi, shukriya!
Ritika Ghosh
2 घंटे पहलेChunav ke baad sab bhool jaate hain, yahi haqeeqat hai.
Navya Nair
3 घंटे पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
Neel Saxena
4 घंटे पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Dhruv Bhatt
5 घंटे पहलेIs khabar ko sahi tarike se cover kiya gaya hai.
Navya Nair
7 घंटे पहलेYeh news bahut zaroori hai public ke liye.
निष्कासन के बाद आकाश आनंद की प्रतिक्रिया
बहुजन समाज पार्टी से निष्कासन के बाद आकाश आनंद ने पहली बार सार्वजनिक रूप से अपनी बात रखी है। उन्होंने मायावती को अपनी राजनीतिक गुरु, प्रेरणा और बुआ मां बताते हुए कहा कि उन्होंने राजनीति में जो कुछ सीखा, वह उनके मार्गदर्शन में सीखा। आकाश ने यह भी स्पष्ट किया कि उनके बारे में किसी दूसरे राजनीतिक दल में जाने की खबरें और अटकलें सही नहीं हैं।
‘मैं किसी दूसरे राजनीतिक दल में नहीं जा रहा’
आकाश आनंद ने कहा कि वह किसी दूसरे राजनीतिक दल में नहीं जा रहे हैं। उन्होंने बीएसपी को केवल एक राजनीतिक पार्टी नहीं बल्कि अपना परिवार बताया और कहा कि वह पार्टी छोड़कर कहीं नहीं जा रहे। उनकी यह प्रतिक्रिया उनके निष्कासन के बाद सामने आई है। सितंबर 2026 में मायावती ने उन्हें पार्टी से पूरी तरह अलग करने की घोषणा की थी।
अशोक सिद्धार्थ के फैसले पर मायावती का समर्थन
आकाश आनंद ने अपने ससुर और पूर्व राज्यसभा सांसद अशोक सिद्धार्थ को पार्टी से बाहर किए जाने के मायावती के फैसले का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि यह फैसला उचित है और वह उसके साथ खड़े हैं। इससे पहले अगस्त 2026 में मायावती ने अशोक सिद्धार्थ को पार्टी से निष्कासित किया था।
‘मेरी चुप्पी को गलत समझा गया’
आकाश आनंद ने कहा कि उस समय वह सोशल मीडिया से दूर थे, इसलिए मायावती की पोस्ट को रिपोस्ट नहीं कर पाए। उनके मुताबिक उनकी इसी चुप्पी को गलत समझा गया और इससे कई तरह की अफवाहों को जगह मिली। उन्होंने इस स्थिति से मायावती को ठेस पहुंचने पर उनसे माफी भी मांगी।
फिर पार्टी में काम करने का अवसर मांगा
आकाश आनंद ने कहा कि वह मायावती के नेतृत्व में फिर से पार्टी और बहुजन आंदोलन की सेवा करने का अवसर चाहते हैं। उन्होंने कहा कि विश्वास केवल शब्दों से नहीं बल्कि अपने आचरण और मेहनत से साबित किया जाएगा। फिलहाल उनकी ओर से यह अपील सामने आई है, लेकिन पार्टी में उनकी वापसी को लेकर कोई नई आधिकारिक घोषणा सामने नहीं आई है।
बीएसपी में आंतरिक घटनाक्रम
आकाश आनंद को सितंबर 2026 में पार्टी से अलग किए जाने से पहले राष्ट्रीय संयोजक की जिम्मेदारी से भी हटाया गया था। इसके बाद उनके भाई ईशान आनंद को राजनीतिक रूप से आगे बढ़ाए जाने की खबरें सामने आईं। आकाश के निष्कासन के बाद उनका यह सार्वजनिक बयान बीएसपी में चल रहे नेतृत्व और संगठन से जुड़े घटनाक्रम के बीच आया है।








