Krishna Remark Row: धीरेंद्र शास्त्री की कृष्ण पर टिप्पणी से विवाद

Anil Sen
0 सेकंड पहलेBhagwan par bharosa rakhna chahiye, woh sab sahi karenge.
भगवान कृष्ण पर टिप्पणी से विवाद
बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की भगवान श्रीकृष्ण को लेकर की गई टिप्पणी पर विवाद शुरू हो गया है। शिवपुरी जिले के करैरा में श्रीराम कथा के दौरान दिए गए उनके बयान का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद विरोध सामने आया। यादव समाज के नेता दामोदर यादव ने इस टिप्पणी पर आपत्ति जताते हुए सनातनियों और यादव समाज के लोगों से धीरेंद्र शास्त्री की कथाओं का बहिष्कार करने की अपील की है।
भगवान कृष्ण के स्वरूप पर की टिप्पणी
वायरल वीडियो में धीरेंद्र शास्त्री भगवान राम और भगवान श्रीकृष्ण के स्वरूप की तुलना करते नजर आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनके भगवान सीधे खड़े होते हैं, जबकि ठाकुरजी तीन जगह से टेढ़े होते हैं। इस दौरान उन्होंने भगवान कृष्ण की बांसुरी बजाने की मुद्रा और वृंदावन का भी उल्लेख किया।
कथा के दौरान दिया गया बयान
धीरेंद्र शास्त्री ने कथा के दौरान कहा, “तुम्हारे वाले ठाकुर जी की एक भी फोटो देख लो, खड़े भी होते हैं तो तीन जगह से टेढ़े।” इसके बाद उन्होंने भगवान राम के सीधे स्वरूप और अयोध्या का उल्लेख करते हुए दोनों के बीच तुलना की। उन्होंने बांसुरी बजाने और धनुष चलाने को लेकर भी टिप्पणी की।
दामोदर यादव ने की कथाओं के बहिष्कार की अपील
बयान सामने आने के बाद दामोदर यादव ने धीरेंद्र शास्त्री की कथाओं का विरोध करने की अपील की। उन्होंने सनातनियों और यादव समाज के लोगों से कहा कि वे उनकी कथाओं में शामिल न हों। यादव ने प्रदेशभर में धीरेंद्र शास्त्री के पुतले जलाने की अपील भी की।
सुधारने की कोशिश करने की कही बात
दामोदर यादव ने कहा कि जरूरत पड़ने पर धीरेंद्र शास्त्री को सुधारने की कोशिश की जाएगी। उनके इस बयान के बाद विवाद और गहरा गया है।
कथाओं और सनातन एकता यात्रा पर भी उठाए सवाल
दामोदर यादव ने धीरेंद्र शास्त्री की सनातन एकता यात्रा और कथाओं को लेकर भी आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि उनकी यात्राओं और कथाओं को अपेक्षित सफलता नहीं मिल रही है और इसी वजह से इस तरह के बयान दिए जा रहे हैं। हालांकि, यह दामोदर यादव का आरोप है।
विवाद पर प्रतिक्रिया का इंतजार
फिलहाल वायरल वीडियो और उस पर आई प्रतिक्रियाओं के बाद मामला चर्चा में है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, धीरेंद्र शास्त्री की ओर से इस विवाद पर कोई विस्तृत प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।








