Sensex Market Rebound: शेयर बाजार में बड़ी गिरावट के बाद जोरदार रिकवरी

शेयर बाजार में बड़ी गिरावट के बाद जोरदार रिकवरी
प्रतिक्रियाएँ
Kunal Rao

Kunal Rao

0 सेकंड पहले

Crypto mein invest karne se pehle aisi khabarein padhni chahiye.

Ritika Ghosh

Ritika Ghosh

0 सेकंड पहले

Financial planning sochni hogi ab naye sir se.

Comments • Reactions • Feedback

शुरुआती कारोबार में शेयर बाजार में भारी गिरावट
भारतीय शेयर बाजार में कमजोर वैश्विक संकेतों के बीच कारोबार की शुरुआत भारी गिरावट के साथ हुई। शुरुआती सत्र में सेंसेक्स 600 अंकों से ज्यादा टूटकर 72,514.57 के निचले स्तर तक पहुंच गया, जबकि निफ्टी गिरकर 22,387.35 पर आ गया। बाजार में बिकवाली के दबाव के कारण बीएसई में सूचीबद्ध कंपनियों का कुल बाजार पूंजीकरण शुरुआती कारोबार में 3.70 लाख करोड़ रुपये से अधिक घट गया। मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी कमजोरी देखने को मिली।

 

आईटी शेयरों में गिरावट से बढ़ा दबाव
बाजार में शुरुआती कमजोरी के पीछे आईटी शेयरों की बिकवाली भी एक प्रमुख कारण रही। आईटी सेक्टर में करीब 2.3 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, जबकि इंफोसिस का शेयर 3.4 प्रतिशत तक फिसल गया। उत्तरी अमेरिकी बाजार में कमजोरी के बीच कंपनी ने अपने सालाना राजस्व वृद्धि अनुमान में कटौती की थी। इसके अलावा अमेरिकी फेडरल रिजर्व के ब्याज दर संबंधी फैसले से पहले निवेशकों में सतर्कता बनी रही। बाजार में उतार-चढ़ाव का संकेत देने वाला इंडिया विक्स भी 4.81 प्रतिशत बढ़कर 17.67 पर पहुंच गया।

 

फार्मा शेयरों की खरीदारी से लौटी तेजी
शुरुआती गिरावट के बाद बाजार में निचले स्तरों पर खरीदारी बढ़ी और सेंसेक्स ने अपने दिन के निचले स्तर से करीब 800 अंकों की रिकवरी की। निफ्टी भी वापसी करते हुए 22,650 के स्तर के पार पहुंच गया। इस सुधार में फार्मा कंपनियों के शेयरों की खरीदारी ने अहम भूमिका निभाई। पिछले सप्ताह की गिरावट के बाद कुछ शेयरों के अपेक्षाकृत सस्ते स्तर पर उपलब्ध होने से निवेशकों ने खरीदारी में दिलचस्पी दिखाई। इस तरह शुरुआती बिकवाली के बाद बाजार का रुख कुछ हद तक संभलता नजर आया।

 

कच्चे तेल और विदेशी निवेशकों से मिली राहत
बाजार की रिकवरी के पीछे कच्चे तेल की कीमतों में नरमी और विदेशी निवेशकों की खरीदारी को भी अहम माना गया। ब्रेंट क्रूड की कीमत हाल में 117 डॉलर प्रति बैरल के छह महीने के उच्च स्तर से नीचे आकर लगभग 114 से 114.5 डॉलर प्रति बैरल के आसपास कारोबार कर रही थी। हालांकि, पश्चिम एशिया में तनाव के कारण तेल आपूर्ति को लेकर चिंताएं बनी हुई थीं। वहीं, उपलब्ध एक्सचेंज आंकड़ों के अनुसार विदेशी संस्थागत निवेशकों ने शुक्रवार को भारतीय बाजार में 887.65 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे थे। इन कारकों से निवेशकों को कुछ राहत मिली, हालांकि वैश्विक संकेतों और आगामी अमेरिकी फेडरल रिजर्व के फैसले पर बाजार की नजर बनी रही।

प्रतिक्रियाएँ
Kunal Rao

Kunal Rao

0 सेकंड पहले

Crypto mein invest karne se pehle aisi khabarein padhni chahiye.

Ritika Ghosh

Ritika Ghosh

0 सेकंड पहले

Financial planning sochni hogi ab naye sir se.

Comments • Reactions • Feedback