संसद में राहुल बनाम भाजपा टकराव तेज: राहुल गांधी पर विशेषाधिकार हनन नोटिस

Aarohi Chaudhary
0 सेकंड पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Ritika Ghosh
0 सेकंड पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Vaishali shinde
0 सेकंड पहलेNeta ji ko yeh khabar zaroor dikhni chahiye!
Neha Tripathi
0 सेकंड पहलेPehli baar itni sach khabar padhi, shukriya!
Anil Sen
0 सेकंड पहलेIs khabar ko sahi tarike se cover kiya gaya hai.
Neha Tripathi
0 सेकंड पहलेSarkar ko iske baare mein kuch karna chahiye!
Aryan Malhotra
0 सेकंड पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Pooja Reddy
0 सेकंड पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
संसद के मानसून सत्र के दौरान लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के खिलाफ भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर ने विशेषाधिकार हनन (Privilege Motion) का नोटिस दिया है। आरोप है कि राहुल गांधी ने सदन में चर्चा के दौरान कथित तौर पर असंसदीय शब्दों का प्रयोग किया और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर आपत्तिजनक टिप्पणियां कीं। इस मुद्दे ने संसद में राजनीतिक माहौल को और गर्म कर दिया है।
भाजपा का आरोप, कांग्रेस का जोरदार पलटवार
भाजपा का कहना है कि संसद की गरिमा बनाए रखना सभी सदस्यों की जिम्मेदारी है और सदन में असंसदीय भाषा स्वीकार नहीं की जा सकती। वहीं कांग्रेस ने इस नोटिस को राजनीतिक दबाव बनाने की कोशिश बताया है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने स्पष्ट किया कि पार्टी राहुल गांधी के साथ मजबूती से खड़ी है और लोकसभा में इस नोटिस का पूरी तरह जवाब देगी।
छात्र आंदोलन और पुलिस कार्रवाई पर सरकार को घेरा
राहुल गांधी ने संसद के भीतर और बाहर नीट-यूजी समेत छात्र आंदोलनों का मुद्दा उठाते हुए केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों के खिलाफ बल प्रयोग किया गया और उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गईं। राहुल ने सरकार से युवाओं की आवाज सुनने और लोकतांत्रिक अधिकारों का सम्मान करने की अपील की।
मीडिया से बातचीत भी बनी चर्चा का विषय
संसद परिसर में मीडिया से बातचीत के दौरान राहुल गांधी का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर चर्चा में रहा। घायल पुलिसकर्मियों से जुड़े सवाल पर उन्होंने पत्रकार से पूछा, "क्या आप भाजपा के हो?" इस बयान को लेकर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं तेज हो गईं। भाजपा ने इसे पत्रकारों का अपमान बताया, जबकि कांग्रेस नेताओं ने इसे संदर्भ से जोड़कर देखने की बात कही।
शिक्षा मंत्री पर भी साधा निशाना
राहुल गांधी ने शिक्षा मंत्री प्रल्हाद जोशी पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने पुराने बयानों का हवाला देते हुए सरकार की नीतियों और प्राथमिकताओं पर सवाल उठाए। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि सरकार शिक्षा और युवाओं से जुड़े मुद्दों पर जवाबदेही से बच रही है, जबकि भाजपा ने इन आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया।
संसद में बढ़ा सियासी टकराव
विशेषाधिकार हनन नोटिस के बाद संसद के मानसून सत्र में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच टकराव और तेज हो गया है। अब निगाहें लोकसभा अध्यक्ष के अगले कदम और विशेषाधिकार समिति की संभावित कार्रवाई पर टिकी हैं। आने वाले दिनों में यह मुद्दा संसद की कार्यवाही और राष्ट्रीय राजनीति का प्रमुख केंद्र बना रह सकता है।







