सिर में धंसा रहा कोयता: फिर भी फोन चलाता रहा युवक

Dev Kapoor
0 सेकंड पहलेCBI ya SIT jaanch honi chahiye is mamle mein.
Neel Saxena
0 सेकंड पहलेPoori detail share karein, hum aur jaanna chahte hain.
Nidhi kumari
25 मिनट पहलेSociety ke liye yeh bahut badi chinta ka vishay hai.
Neha Tripathi
2 घंटे पहलेCBI ya SIT jaanch honi chahiye is mamle mein.
Rohan Desai
3 घंटे पहलेKanoon ko apna kaam karna chahiye bina der ke.
Vihaan Patel
4 घंटे पहलेApradhi ko sakht se sakht saza milni chahiye!
मुंबई के मनखुर्द इलाके से एक ऐसी घटना सामने आई है जिसने पूरे शहर को हिला दिया। 27 वर्षीय रोहित नागनाथ पवार पर 1 मई की रात तीन नाबालिग लड़कों ने हमला कर दिया। हमलावरों ने पुरानी दुश्मनी के चलते रोहित के सिर पर कोयता (मचेटी) से वार किया, जो करीब 1.5 इंच तक उनके सिर और मस्तिष्क की झिल्ली में धंस गया।
हैरानी की बात यह रही कि इतनी गंभीर चोट के बावजूद रोहित पूरी तरह होश में थे। वह खुद अस्पताल पहुंचे, डॉक्टरों से बात करते रहे और ऑपरेशन से पहले तक मोबाइल फोन स्क्रॉल करते दिखाई दिए। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
BARC कर्मचारी पर हमला, इलाके में मचा हड़कंप
जानकारी के अनुसार रोहित पवार मनखुर्द के पीएमजीपी कॉलोनी क्षेत्र के निवासी हैं और भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र (BARC) में कार्यरत हैं। घटना 1 मई की रात लगभग 10:30 से 11:45 बजे के बीच इरफान चिकन शॉप के पास हुई। बताया जा रहा है कि तीन किशोरों ने पहले रोहित से बहस की और फिर अचानक उन पर हमला कर दिया। एक आरोपी ने कोयते से सिर पर जोरदार वार किया, जबकि अन्य ने उन्हें घूंसों और लातों से पीटा।
सिर में धंसे हथियार के साथ अस्पताल पहुंचे रोहित
घटना के बाद सबसे चौंकाने वाला दृश्य तब सामने आया जब रोहित सिर में धंसे हथियार के साथ सायन अस्पताल पहुंचे। अस्पताल में मौजूद लोगों के मुताबिक वह बेहद शांत दिखाई दे रहे थे। डॉक्टरों ने तुरंत सीटी स्कैन और अन्य जांच कीं। जांच में सामने आया कि ब्लेड खोपड़ी, त्वचा और मस्तिष्क झिल्ली को भेद चुका था। इसके बावजूद रोहित की चेतना सामान्य बनी रही, जिसे डॉक्टरों ने “मेडिकल मिरेकल” जैसा बताया।
सायन अस्पताल के डॉक्टरों ने की सफल इमरजेंसी सर्जरी
सायन अस्पताल (लोकमान्य तिलक नगर निगम अस्पताल) के न्यूरोसर्जरी विभाग ने तुरंत इमरजेंसी ऑपरेशन किया। कई घंटे चली सर्जरी के बाद डॉक्टरों ने सावधानीपूर्वक हथियार को बाहर निकाला। अस्पताल सूत्रों के अनुसार फिलहाल रोहित की हालत स्थिर है और वह तेजी से रिकवर कर रहे हैं। डॉक्टरों ने कहा कि समय पर इलाज मिलने से उनकी जान बच गई।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में रोहित अस्पताल में बैठे दिखाई दे रहे हैं, जहां उनके सिर में कोयता फंसा हुआ है, लेकिन वह शांत भाव से मोबाइल चला रहे हैं। वीडियो देखने के बाद लोग उनकी हिम्मत और मानसिक मजबूती की तारीफ कर रहे हैं। वहीं कई यूजर्स मुंबई में बढ़ते स्ट्रीट क्राइम को लेकर चिंता भी जता रहे हैं।
बढ़ते स्ट्रीट क्राइम पर उठे सवाल
इस घटना ने मुंबई में कानून-व्यवस्था और युवाओं में बढ़ती हिंसा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों ने आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जानकारी के अनुसार हमला पुरानी रंजिश के कारण किया गया था।
लोगों ने कहा – “ये सिर्फ जिंदा बचना नहीं, हिम्मत की मिसाल है”
रोहित पवार की बहादुरी ने लोगों को हैरान कर दिया है। सोशल मीडिया पर कई यूजर्स उन्हें “मुंबई का आयरन मैन” और “रियल लाइफ फाइटर” बता रहे हैं। इतनी गंभीर चोट के बावजूद शांत रहना और अस्पताल पहुंचना लोगों के लिए किसी चमत्कार से कम नहीं माना जा रहा।





