योगी सरकार की शिक्षक सुरक्षा योजना लॉन्च: UP के 10 लाख शिक्षा कर्मियों को बड़ा तोहफा

Krishna Yadav
13 घंटे पहलेYeh news bahut zaroori hai public ke liye.
Sonu rai
13 घंटे पहलेSarkar ko public ko jawab dena chahiye.
Ayaan Khan
21 घंटे पहलेNeta ji ko yeh khabar zaroor dikhni chahiye!
Aryan Malhotra
1 दिन पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
उत्तर प्रदेश के बेसिक शिक्षा विभाग और भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के बीच 8 जुलाई 2026 को वाराणसी में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति में एक ऐतिहासिक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए। इस समझौते का उद्देश्य विभाग के लगभग 10 लाख स्थायी एवं संविदा कर्मचारियों को एकीकृत सामाजिक, आर्थिक और वित्तीय सुरक्षा उपलब्ध कराना है। राज्य सरकार ने इसे शिक्षा कर्मियों के कल्याण की दिशा में बड़ा कदम बताया है।
10 लाख कर्मचारियों को मिलेगा सीधा लाभ
इस योजना के दायरे में करीब 4.50 लाख स्थायी और 5.50 लाख संविदा कर्मचारी शामिल होंगे। इनमें शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशक, समग्र शिक्षा अभियान के कर्मचारी तथा मिड-डे मील योजना के रसोइये भी लाभार्थी होंगे। सरकार का लक्ष्य सभी पात्र कर्मचारियों को एक समान बैंकिंग और सामाजिक सुरक्षा सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
₹1 करोड़ तक बीमा और विशेष सैलरी पैकेज
SBI द्वारा तैयार किए गए विशेष कॉर्पोरेट सैलरी पैकेज के तहत स्थायी कर्मचारियों को ₹1 करोड़ तक का व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा और ₹10 लाख का ग्रुप टर्म लाइफ इंश्योरेंस मिलेगा। वहीं ₹10,000 से अधिक वेतन पाने वाले संविदा कर्मचारियों को ₹30 लाख तक का दुर्घटना बीमा दिया जाएगा। ₹10,000 से कम वेतन वाले कर्मचारियों को जीरो बैलेंस खाते के साथ ₹1 लाख तक का बीमा कवर उपलब्ध कराया जाएगा। इसके अलावा कई बैंकिंग सेवाएं भी नि:शुल्क मिलेंगी।
शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना का शुभारंभ
इस समझौते के साथ मुख्यमंत्री ने 'मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना' का भी औपचारिक शुभारंभ किया। योजना के तहत सूचीबद्ध अस्पतालों में पात्र शिक्षा कर्मियों को कैशलेस इलाज की सुविधा मिलेगी। इससे कर्मचारियों और उनके परिवारों को इलाज के दौरान आर्थिक राहत मिलने की उम्मीद है।
पुराने SBI खाताधारकों को भी मिलेगा लाभ
जिन शिक्षकों और कर्मचारियों का वेतन खाता पहले से SBI में संचालित है, उन्हें इस नए विशेष सैलरी पैकेज में सीधे माइग्रेट किया जाएगा। इसके लिए संबंधित कर्मचारियों को केवल अपनी SBI शाखा में जाकर एक सामान्य KYC फॉर्म भरना होगा। इसके बाद वे नई सुविधाओं का लाभ लेने के पात्र हो जाएंगे।
वाराणसी में हुआ राज्य स्तरीय आयोजन
वाराणसी में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मौजूदगी में इस महत्वपूर्ण MoU पर अंतिम मुहर लगी। सरकार का कहना है कि यह पहल शिक्षा कर्मियों को बेहतर सामाजिक सुरक्षा, वित्तीय स्थिरता और स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे लाखों कर्मचारियों और उनके परिवारों को सीधा लाभ मिलेगा।








