मुंबई में ₹50.74 करोड़ की MD ड्रग्स जब्त: 6 आरोपी गिरफ्तार,13 ठिकानों पर छापेमारी

Nidhi kumari
0 सेकंड पहलेPoori detail share karein, hum aur jaanna chahte hain.
Dev Kapoor
0 सेकंड पहलेPeedit ko jald se jald nyay milna chahiye.
Neel Saxena
0 सेकंड पहलेSociety ke liye yeh bahut badi chinta ka vishay hai.
Aarav Sharma
0 सेकंड पहलेCBI ya SIT jaanch honi chahiye is mamle mein.
मुंबई पुलिस की एंटी-नारकोटिक्स सेल की कांदिवली यूनिट ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए बड़ी मात्रा में मेफेड्रोन (MD) और 210 किलोग्राम लिक्विड एमडी प्रिकर्सर केमिकल बरामद किया। अधिकारियों के अनुसार जब्त सामग्री की अनुमानित कीमत ₹50.74 करोड़ आंकी गई है। इसे हाल के वर्षों की बड़ी ड्रग्स बरामदगी में शामिल माना जा रहा है।
दो और गिरफ्तार, कुल छह आरोपी पुलिस हिरासत में
ताजा कार्रवाई में पुलिस ने दो संदिग्धों को गिरफ्तार किया है। इसके साथ ही इस पूरे मामले में अब तक छह आरोपियों को हिरासत में लिया जा चुका है। पुलिस सभी आरोपियों से पूछताछ कर ड्रग्स निर्माण, सप्लाई और वितरण से जुड़े अन्य लोगों की पहचान करने में जुटी है।
11 फर्जी कंपनियों के जरिए मंगाए जा रहे थे केमिकल
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि आरोपी ड्रग्स बनाने में इस्तेमाल होने वाले रसायनों की खरीद के लिए 11 फर्जी कंपनियों का इस्तेमाल कर रहे थे। इन कंपनियों के पते, दस्तावेज और व्यावसायिक रिकॉर्ड संदिग्ध पाए गए। पुलिस अब इन फर्जी कंपनियों के जरिए किए गए वित्तीय लेन-देन और संबंधित व्यक्तियों की भी जांच कर रही है।
मुंबई के 13 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी
सुराग मिलने के बाद एएनसी की टीमों ने अग्रिपाड़ा, बांद्रा, कोलाबा, पवई, घाटकोपर समेत मुंबई के 13 अलग-अलग स्थानों पर एक साथ छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और अन्य साक्ष्य भी बरामद किए गए हैं, जिनकी फोरेंसिक जांच कराई जा रही है।
अंतरराज्यीय ड्रग नेटवर्क की जांच तेज
प्रारंभिक जांच में यह मामला एक संगठित अंतरराज्यीय ड्रग सिंडिकेट से जुड़ा हुआ माना जा रहा है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि केमिकल कहां से मंगाए जा रहे थे, ड्रग्स कहां तैयार की जा रही थी और किन राज्यों में इसकी सप्लाई की जा रही थी। साथ ही मुख्य सरगनाओं की भूमिका की भी जांच जारी है।
सप्लाई चेन और फाइनेंशियल ट्रेल पर पुलिस की नजर
मुंबई पुलिस अब पूरे नेटवर्क की सप्लाई चेन, बैंकिंग लेन-देन और हवाला कनेक्शन की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि इस कार्रवाई के आधार पर आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां हो सकती हैं। पुलिस का लक्ष्य पूरे सिंडिकेट को ध्वस्त कर ड्रग्स तस्करी के नेटवर्क को पूरी तरह खत्म करना है।








