कर्नाटक फैक्ट्री में जहरीली गैस लीक: सल्फर डाइऑक्साइड गैस लीक से 3 मजदूरों की मौत

Payal jadon
0 सेकंड पहलेBharat tab hi badlega jab log jagruk aur ekjut honge.
Myra Dubey
0 सेकंड पहलेHar Hindustani ko yeh padhna aur samajhna chahiye.
Taushif Shekh
0 सेकंड पहलेIs decision ka poore desh par seedha asar padega.
Sonu rai
0 सेकंड पहलेBharat tab hi badlega jab log jagruk aur ekjut honge.
Sai Mehta
0 सेकंड पहलेIndia ki progress dekh ke dil khush ho gaya!
Pooja Reddy
0 सेकंड पहलेIndia ki progress dekh ke dil khush ho gaya!
Vaishali shinde
0 सेकंड पहलेHamara desh sahi direction mein ja raha hai, umeed hai.
Payal jadon
0 सेकंड पहलेDesh ke navyuvak ko aage aana chahiye is mudde par.
कर्नाटक के यादगीर जिले के कडेचूर-बडियाल औद्योगिक क्षेत्र में स्थित एक फार्मास्यूटिकल फैक्ट्री में जहरीली गैस रिसाव से बड़ा हादसा हो गया। सल्फर डाइऑक्साइड (Sulfur Dioxide) गैस लीक होने के कारण तीन मजदूरों की दम घुटने से मौत हो गई, जबकि दो अन्य श्रमिक गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। घटना के बाद प्रशासन ने फैक्ट्री का कामकाज रोक दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
पाइपलाइन लीक से फैली जहरीली गैस
प्रारंभिक जांच के अनुसार, यह हादसा तड़के करीब 1 से 2 बजे के बीच हुआ। फैक्ट्री के अंदर रासायनिक प्रक्रिया के दौरान सल्फर डाइऑक्साइड गैस का रिसाव हुआ। बताया जा रहा है कि गैस को स्क्रबर तक पहुंचाने वाली पाइपलाइन में खराबी आने के कारण जहरीली गैस पूरी यूनिट में फैल गई। उस समय ड्यूटी पर मौजूद मजदूर इसकी चपेट में आ गए।
मध्य प्रदेश और तेलंगाना के मजदूरों की मौत
गैस रिसाव में जान गंवाने वाले तीन मजदूरों की पहचान की गई है।
विक्रम सिंह गोंडा – कटनी, मध्य प्रदेश
संजय सिंह गोंडा – कटनी, मध्य प्रदेश
कटला गणेश – महबूबनगर, तेलंगाना
वहीं, घायल दो मजदूर आंध्र प्रदेश के रहने वाले बताए जा रहे हैं। दोनों का इलाज रायचूर इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (RIMS) में चल रहा है।
फैक्ट्री प्रबंधन पर उठे सुरक्षा सवाल
हादसे के बाद मजदूर संगठनों और स्थानीय लोगों ने फैक्ट्री प्रबंधन पर सुरक्षा नियमों की अनदेखी के आरोप लगाए हैं। आरोप है कि कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए थे। हालांकि, प्रशासन ने मामले की निष्पक्ष जांच की बात कही है।
प्रशासन ने फैक्ट्री बंद कर दर्ज की FIR
घटना की जानकारी मिलते ही जिला प्रशासन और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने गैस रिसाव को नियंत्रित करने के बाद फैक्ट्री का संचालन तत्काल रोक दिया।प्रबंधन और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में FIR दर्ज कर ली गई है। हादसे की वास्तविक वजह पता लगाने के लिए NDRF और फोरेंसिक टीम को जांच में लगाया गया है।
परिवारों में मचा कोहराम
हादसे की खबर मिलने के बाद मृत मजदूरों के परिवारों में मातम छा गया है। मृतक मजदूरों में कई प्रवासी श्रमिक थे, जो रोजगार के लिए कर्नाटक आए थे। परिजनों ने जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
औद्योगिक सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
कर्नाटक की इस घटना ने एक बार फिर केमिकल और फार्मास्यूटिकल उद्योगों में सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि जहरीली गैसों के साथ काम करने वाली इकाइयों में नियमित सुरक्षा जांच, कर्मचारियों को प्रशिक्षण और आपातकालीन बचाव व्यवस्था बेहद जरूरी है। प्रशासन अब जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई करेगा।








