E100 Fuel, Ethanol Cars, Auto News: E100 Fuel: 100% एथेनॉल से चलने वाली कारों का रास्ता साफ

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं
पहले आप अपनी बात रखें
नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 में बदलाव कर E100 यानी 100 प्रतिशत बायो-एथेनॉल ईंधन को नियमों में शामिल कर लिया है। इससे वाहन कंपनियां खास फ्लेक्स-फ्यूल वाहन बना सकेंगी, जो पूरी तरह एथेनॉल से चलने में सक्षम होंगे।
क्या है E100 फ्यूल?
E100 एक वैकल्पिक ईंधन है, जिसे गन्ने, मक्का और अन्य कृषि उत्पादों से तैयार किया जा सकता है। इसमें 100 प्रतिशत बायो-एथेनॉल होता है। इसके इस्तेमाल से पेट्रोलियम ईंधन पर निर्भरता कम करने में मदद मिल सकती है।
मौजूदा कारों में नहीं भर सकेंगे E100
सरकार की मंजूरी का मतलब यह नहीं है कि सामान्य पेट्रोल कारों में E100 ईंधन भरा जा सकता है। इसका इस्तेमाल केवल उन्हीं वाहनों में होगा, जिन्हें निर्माता ने इस ईंधन के लिए डिजाइन और प्रमाणित किया है। गलत ईंधन इस्तेमाल करने से इंजन और ईंधन प्रणाली को नुकसान पहुंच सकता है।
मोटर वाहन नियमों में क्या बदला?
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने अधिसूचना G.S.R. 911(E) के तहत नियमों में संशोधन किया है। इसमें E85 और E100 ईंधन के इस्तेमाल, ईंधन मानकों, वाहन परीक्षण और प्रमाणन से जुड़े प्रावधान स्पष्ट किए गए हैं। संबंधित वाहन श्रेणी में कुल वजन की सीमा 3,000 से बढ़ाकर 3,500 किलोग्राम भी की गई है।
इन बदलावों का मसौदा 27 अप्रैल 2026 को जारी किया गया था। सुझावों की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अंतिम अधिसूचना जारी की गई।
आम लोगों को क्या फायदा होगा?
इस फैसले से भविष्य में एथेनॉल पर चलने वाले नए वाहनों के निर्माण को बढ़ावा मिल सकता है। इससे वैकल्पिक ईंधन के इस्तेमाल और पेट्रोल पर निर्भरता कम करने में मदद मिलने की उम्मीद है। हालांकि, वाहनों की उपलब्धता और E100 ईंधन की आपूर्ति पर भी इसका असर निर्भर करेगा।








