CJP Protest Against SIR: SIR के खिलाफ कोच्चि में CJP का बड़ा प्रदर्शन

Kavya Mishra
0 सेकंड पहलेIs khabar ko sahi tarike se cover kiya gaya hai.
Reyansh Joshi
0 सेकंड पहलेIs khabar ko sahi tarike se cover kiya gaya hai.
Sonu rai
8 मिनट पहलेYeh khabar bahut important hai, sabko pata honi chahiye!
Taushif Shekh
10 मिनट पहलेNeta ji ko yeh khabar zaroor dikhni chahiye!
Simran Arora
2 घंटे पहलेNishpaksh patrakarita ke liye shukriya, aise media chahiye.
Ravi sinha
3 घंटे पहलेSarkar ko iske baare mein kuch karna chahiye!
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने केरल के कोच्चि में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) के खिलाफ बड़े प्रदर्शन का ऐलान किया है। यह प्रदर्शन 7 नवंबर को शाम 4 बजे कोच्चि के राजेंद्र मैदान में होगा। पार्टी ने इसे ‘कोच्चि में जंतर-मंतर’ नाम दिया है। इसके जरिए SIR की प्रक्रिया रद्द करने और मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग उठाई जाएगी।
अभिजीत दीपके समेत पार्टी के कई नेता होंगे शामिल
CJP ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर प्रदर्शन की जानकारी साझा की है। पोस्ट में लोगों से लोकतंत्र बचाने और SIR रद्द करने की मांग को लेकर आंदोलन में शामिल होने की अपील की गई है। प्रदर्शन में पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके भी शामिल होंगे। उनके साथ साउथ जोन के लीडर विजय मल्लंगी और नेशनल सेक्रेटरी आफरीन नवाज भी मौजूद रहेंगे।
पार्टी की ओर से साझा की गई जानकारी के मुताबिक, प्रदर्शन में शामिल होने वाले लोगों को मरीन ड्राइव से राजेंद्र मैदान तक पहुंचने की भी जानकारी दी गई है। CJP ने एक अन्य पोस्ट में लिखा है कि CEC ज्ञानेश कुमार को पद छोड़ना होगा।
दिल्ली में नेताओं की गिरफ्तारी के बाद पहला बड़ा प्रदर्शन
कोच्चि में होने वाला यह प्रदर्शन दिल्ली में CJP नेताओं की गिरफ्तारी के बाद पार्टी का पहला बड़ा आंदोलन बताया जा रहा है। पिछले महीने अभिजीत दीपके, आशुतोष रांका और सौरव दास समेत कई CJP नेताओं को दिल्ली पुलिस ने हिरासत में लिया था।
ये नेता 10 अक्टूबर को बिना अनुमति के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करने के लिए जा रहे थे। दिल्ली पुलिस ने तीनों को फ्लाइट में ही हिरासत में ले लिया था। इसके बाद सरकार ने जंतर-मंतर को विरोध प्रदर्शन स्थल की सूची से डीनोटिफाई कर दिया था।
हालांकि, इसके बाद भी आशुतोष रांका और सौरव दास तिरंगा लेकर जंतर-मंतर पहुंच गए थे। इस दौरान पुलिस ने दोनों को दोबारा हिरासत में लिया। आशुतोष रांका और सौरव दास को करीब एक हफ्ते जेल में रहना पड़ा। इसके बाद अभिजीत दीपके को भी हिरासत में लिया गया, जब उन्होंने कनॉट प्लेस के सेंट्रल पार्क में ‘तिरंगा कार्यक्रम’ आयोजित करने का ऐलान किया था।
अंडरटेकिंग देने के बाद नेताओं को किया गया रिहा
रिपोर्ट के मुताबिक, बाद में विशेष कार्यकारी मजिस्ट्रेट (SEM) को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन नहीं करने और एक साल तक शांति बनाए रखने की अंडरटेकिंग देने के बाद सभी नेताओं को रिहा कर दिया गया था। अब CJP ने कोच्चि में प्रदर्शन का ऐलान करके SIR के खिलाफ अपना विरोध फिर तेज करने की तैयारी की है।
कोच्चि में SIR को लेकर पहले से जारी है विवाद
CJP के प्रदर्शन का ऐलान ऐसे समय में हुआ है, जब कोच्चि में SIR को लेकर पहले से राजनीतिक विवाद चल रहा है। मंगलवार को कोच्चि नगर परिषद की बैठक में भी SIR के प्रस्ताव को लेकर भारी हंगामा हुआ था। बैठक में देशभर में SIR के खिलाफ हो रहे विरोध के प्रति एकजुटता दिखाई गई।
इस दौरान BJP और UDF के पार्षदों के बीच तीखी बहस हुई और वॉकआउट की स्थिति बन गई। UDF पार्षदों ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की आलोचना करते हुए आरोप लगाया कि वोटर लिस्ट से 13 करोड़ मतदाताओं के नाम काटे जा रहे हैं। इस आरोप पर BJP पार्षदों ने कड़ा विरोध जताया और सदन से वॉकआउट कर दिया।
अब CJP के आंदोलन के ऐलान के बाद केरल में SIR को लेकर राजनीतिक बहस और तेज होने की संभावना है। 7 नवंबर को राजेंद्र मैदान में होने वाले प्रदर्शन में पार्टी की ओर से SIR की प्रक्रिया रद्द करने और मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग उठाई जाएगी।








