CJP Leaders In Custody: CJP के अभिजीत दिपके, आशुतोष रांका और सौरव दास हिरासत में

Harsh Pandya
4 घंटे पहलेSarkar ko public ko jawab dena chahiye.
Nisha Shah
5 घंटे पहलेNeta ji ko yeh khabar zaroor dikhni chahiye!
Aarohi Chaudhary
6 घंटे पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Ananya Sharma
6 घंटे पहलेChunav ke baad sab bhool jaate hain, yahi haqeeqat hai.
Aarav Sharma
8 घंटे पहलेIs maamle mein sarkari paksh kya hai?
Kunal Rao
9 घंटे पहलेYeh rajneeti ka asli chehra hai.
Pihu Agarwal
10 घंटे पहलेYeh news bahut zaroori hai public ke liye.
Priya Iyer
11 घंटे पहलेPehli baar itni sach khabar padhi, shukriya!
CJP के तीन प्रमुख नेता हिरासत में, आज होगी पेशी
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के तीन प्रमुख नेताओं अभिजीत दिपके, आशुतोष रांका और सौरव दास को दिल्ली कैंट पुलिस स्टेशन में एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया जाएगा। CJP की लीगल हेड रत्ना सिंह ने दिल्ली पुलिस के एक अधिकारी से मिली जानकारी के आधार पर यह अपडेट साझा किया। उनके मुताबिक, तीनों नेताओं को शनिवार को दिल्ली एयरपोर्ट पर विमान से उतरने के बाद हिरासत में लिया गया था।
CJP की लीगल हेड ने दी जानकारी
रत्ना सिंह ने सोशल मीडिया पोस्ट में बताया कि अभिजीत दिपके, आशुतोष रांका और सौरव दास को सुबह 9 बजे दिल्ली कैंट पुलिस स्टेशन में एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया जाना है। उन्होंने कहा कि CJP की लीगल हेड होने के नाते वह अन्य वकीलों के साथ पुलिस स्टेशन में मौजूद रहेंगी। यह जानकारी उनके द्वारा साझा किए गए अपडेट और दिल्ली पुलिस के एक अधिकारी से मिली सूचना पर आधारित है।
दिल्ली में प्रदर्शन के दौरान पुलिस की कार्रवाई
दिल्ली में शनिवार को CJP के आह्वान पर प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने बड़ी संख्या में लोगों को हिरासत में लिया था। खबर के अनुसार, हिरासत में लिए गए लोगों में विपक्ष के नेता और अन्य प्रमुख लोग भी शामिल थे। यह प्रदर्शन मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ बुलाया गया था। प्रदर्शनकारियों ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) में कथित अनियमितताओं को लेकर सवाल उठाए थे। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि इस खबर में नहीं की गई है।
पुलिस कार्रवाई को लेकर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई
दिल्ली में विरोध प्रदर्शन के दौरान पुलिस की कार्रवाई और सार्वजनिक परिवहन पर लगी पाबंदियों से संबंधित दो याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट में विशेष सुनवाई प्रस्तावित है। एक याचिका में आरोप लगाया गया है कि विरोध प्रदर्शन के दौरान सार्वजनिक परिवहन को पूरी तरह बाधित नहीं करने संबंधी अदालत के निर्देशों का पालन नहीं हुआ। याचिका में दिल्ली मेट्रो स्टेशनों को बंद रखने और ट्रेन सेवाओं पर पाबंदियां जारी रहने का मुद्दा उठाया गया है।
हिरासत और रिहाई को लेकर भी याचिका
दूसरी याचिका में विपक्षी नेताओं, वकीलों और पत्रकारों की एहतियाती हिरासत को चुनौती दी गई है और उनकी रिहाई की मांग की गई है। इसमें बंदी प्रत्यक्षीकरण यानी हेबियस कॉर्पस की मांग की गई है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, इन मामलों की सुनवाई मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाल्य बागची तथा वी. मोहना की पीठ द्वारा की जानी है। सुनवाई में पुलिस कार्रवाई, हिरासत और सार्वजनिक परिवहन से जुड़े मुद्दों पर विचार किया जाएगा।








