TMC Factions Clash In Bengal Bypolls: बंगाल उपचुनाव में TMC के दो गुट आमने सामने

Nisha Shah
0 सेकंड पहलेIs decision ka poore desh par seedha asar padega.
Ritika Ghosh
0 सेकंड पहलेDesh ke navyuvak ko aage aana chahiye is mudde par.
Pranav Srivastava
0 सेकंड पहलेDesh ke liye yeh ek mahatvapurna khabar hai.
Sonu rai
4 मिनट पहलेIndia ki progress dekh ke dil khush ho gaya!
Aryan Malhotra
56 मिनट पहलेDesh ke navyuvak ko aage aana chahiye is mudde par.
Vihaan Patel
1 घंटे पहलेIndia ki progress dekh ke dil khush ho gaya!
Vihaan Patel
3 घंटे पहलेBharat Mata ki Jai! Yeh khabar garv dilati hai.
Anjali Patil
4 घंटे पहलेIndia ki progress dekh ke dil khush ho gaya!
पश्चिम बंगाल की नंदीग्राम और रेजीनगर विधानसभा सीटों पर होने वाले उपचुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। चुनाव आयोग के कार्यक्रम के अनुसार दोनों सीटों पर 6 अक्टूबर 2026 को मतदान होगा, जबकि 9 अक्टूबर को मतगणना की जाएगी। नंदीग्राम सीट मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के इस्तीफे के बाद खाली हुई है, जबकि रेजीनगर सीट हुमायूं कबीर के इस्तीफे के कारण रिक्त हुई। दोनों नेताओं ने 2026 के विधानसभा चुनाव में दो सीटों से जीत दर्ज की थी और बाद में एक-एक सीट छोड़ दी थी।
TMC के दोनों गुटों ने उतारे उम्मीदवार
उपचुनाव में सबसे ज्यादा चर्चा तृणमूल कांग्रेस के भीतर चल रहे गुटीय विवाद की है। ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले TMC गुट ने नंदीग्राम से संचिता प्रधान डे और रेजीनगर से रबीउल आलम चौधरी को उम्मीदवार बनाया है। वहीं ऋतब्रता बनर्जी के नेतृत्व वाले बागी गुट ने नंदीग्राम से मोहम्मद एतेशामुल हक और रेजीनगर से सफीउज्जमां शेख को मैदान में उतारा है। दोनों गुट खुद को असली TMC बताते हुए पार्टी के नाम और चुनाव चिन्ह पर दावा कर रहे हैं।
BJP ने नंदीग्राम में हसीरानी रथ को दिया टिकट
भारतीय जनता पार्टी ने भी दोनों सीटों के लिए अपने उम्मीदवारों का ऐलान कर दिया है। नंदीग्राम से BJP ने हसीरानी रथ को उम्मीदवार बनाया है, जो मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के दिवंगत करीबी सहयोगी चंद्रनाथ रथ की मां हैं। चंद्रनाथ रथ की मई 2026 में हत्या कर दी गई थी और मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो यानी CBI कर रही है। BJP ने रेजीनगर से साखाराव सरकार को उम्मीदवार बनाया है, जो पार्टी के पूर्व जिला अध्यक्ष और राज्य स्तर के नेता रहे हैं।
चुनाव चिन्ह को लेकर TMC में बड़ा विवाद
उपचुनाव से पहले TMC के दोनों गुटों के बीच पार्टी के नाम और उसके आरक्षित चुनाव चिन्ह को लेकर विवाद चुनाव आयोग तक पहुंच गया है। दोनों पक्ष खुद को वैध तृणमूल कांग्रेस बताते हुए चुनाव चिन्ह पर अधिकार जता रहे हैं। चुनाव आयोग ने दोनों गुटों से जवाब मांगा है और रिपोर्टों के मुताबिक 17 सितंबर के आसपास इस मामले में अंतरिम फैसला आने की संभावना है। ऐसे में उपचुनाव में दोनों गुट किस नाम और किस चुनाव चिन्ह के साथ मैदान में उतरेंगे, यह चुनावी समीकरण के लिए महत्वपूर्ण होगा।
ममता बनर्जी के सामने नई राजनीतिक चुनौती
नंदीग्राम उपचुनाव इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले TMC ने यहां नया चेहरा उतारा है। पार्टी ने संचिता प्रधान डे को उम्मीदवार बनाकर चुनावी मैदान में भेजा है, जबकि BJP ने शुभेंदु अधिकारी के करीबी रहे दिवंगत चंद्रनाथ रथ की मां हसीरानी रथ को टिकट दिया है। दूसरी ओर TMC के बागी गुट ने भी अपना उम्मीदवार उतार दिया है। ऐसे में नंदीग्राम में मुकाबला केवल BJP और TMC के बीच नहीं बल्कि TMC के भीतर की राजनीतिक लड़ाई के कारण भी महत्वपूर्ण बन गया है।
6 अक्टूबर को होगा फैसला
नंदीग्राम और रेजीनगर दोनों सीटों पर अब चुनावी गतिविधियां तेज होने वाली हैं। BJP और TMC के दोनों गुटों के उम्मीदवार मैदान में उतर चुके हैं, जबकि कांग्रेस और वाम दलों ने भी अपने प्रत्याशी घोषित किए हैं। ऐसे में दोनों सीटों पर मुकाबला बहुकोणीय होने की संभावना है। 6 अक्टूबर को मतदान के बाद 9 अक्टूबर को मतगणना होगी और उसी दिन साफ होगा कि इन दोनों सीटों पर मतदाताओं ने किस राजनीतिक पक्ष के उम्मीदवारों पर भरोसा जताया है।




